८. मेरा विद्रोह ८वी हिंदी प्रश्न उत्तर | Mera Vidroh 8vi hindi Question Answer

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मेरा विद्रोह स्वाध्याय हिंदी आठवी | आठवी हिंदी digest

 

 

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* सूचना के अनुसार कृतियाँ करो :-


(१) एक शब्द में उत्तर लिखो :

१. बेटे की मातृभाषा :

उत्तर: हिंदी


२. बेटे की शिक्षा की माध्यम भाषा :

उत्तर: अंग्रेजी


(२) संक्षेप में लिखो :

१. रमन के 'जन्मदिन' पर न जाने देने के बाद लड़के द्वारा किया गया विद्रोह :

उत्तर:

लड़के ने जोर-जोर से लड़ना, जिद करना और रोना चिल्लाना शुरू कर दिया।

 

२. नुक्कड़ की दुकान से घर लौटने पर बेटे द्वारा देखा दृश्य :

उत्तर:

उसके पिता जी गलियारे में खड़े-खड़े दीवार से कोहनियाँ टिकाए निःशब्द कातर हो रहे हैं।


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(३) कारण लिखो :


१. अंग्रेजियत वाले परिवारों के बच्चों का दबदबा रहता था –

उत्तर: क्योंकि वे छोटी उम्र से ही धाराप्रवाह अंग्रेजी बोलते थे।

 

२. पिता जी झल्ला पड़ते थे -

उत्तर: क्योंकि उनका बेटा 'डोनेशन' या सालाना जलसे आदि के लिए चंदे की छपी पर्चियाँ लाता था।


३. लड़के की माँ उसे पढ़ा नहीं पाती थी –

उत्तर: क्योंकि बेटे की पढ़ाई का माध्यम अंग्रेजी था और माँ को अंग्रेजी नहीं आती थी।

 

(४) ऐसे प्रश्न बनाओ जिनके उत्तर निम्न शब्द हों :


साइकिल, बेसब्री, छपी पर्चियाँ, पारावार

उत्तर:

साइकिल

बेटा पिता के साथ किस पर बैठकर स्कूल गया था?


बेसब्री

पिता अपने बेटे रमन की वर्षगाँठ का कैसे इंतजार करते?

छपी पर्चियाँ

बेटा 'डोनेशन' या सालाना जलसे आदि के लिए चंदे की क्या लाता?


पारावार

मां की खुशी का ठिकाना न रहा?


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(५) संजाल पूर्ण करो :

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भाषा बिंदु


पाठों में आए हुए उपसर्ग और प्रत्ययवाले शब्द ढूँढ़ो तथा उनके उपसर्ग/प्रत्यय अलग करके मूल शब्द लिखो।

उत्तर:


उपसर्ग के मूल शब्द

लायक, सब्री, चैन, लास, गमन, साहसी, मान, कुल, वाक, बस


प्रत्यय के मूल शब्द

दहाड़, गरज, ढीठ, विदोह, घर, अंग्रेज, शाबाश, क्रोध, साल, खुश, बेसब्र, जादू, आसान, शत्रु, उमंग, शांत, परेशान, उपलब्ध, खुश, बाहर

उपयोजित लेखन

निम्न मुद्दों के आधार पर विज्ञापन लिखो :

स्थल/जगह, संपर्क, पुस्तक मेला, दिनांक, समय

उत्तर:

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मैने समझा 

माता-पिता सदैव हमारे हित की ही कामना करते हैं। वे हमें उत्तम शिक्षा दिलाकर हमारे भविष्य को उज्ज्वल बनाने के लिए हर संभव प्रयास करते हैं। हमारी गलत आदतों को सुधारने और हमें सही मार्ग पर लाने के लिए वे कभी-कभी सख्ती भी करते हैं, लेकिन उनके मन में हमारे लिए अपार प्रेम होता है। इसलिए हमें माता-पिता की रोक-टोक को गलत नहीं समझना चाहिए, बल्कि उनकी बातों का सम्मानपूर्वक पालन करना चाहिए और जीवन भर उनका आदर करना चाहिए।

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अब्राहम लिंकन द्वारा प्रधानाध्यापक को लिखे हुए पत्र का चार्ट बनाकर कक्षा में लगाओ।

मेरा विद्रोह स्वाध्याय हिंदी   स्वयं अध्ययन


मौलिक सृजन

अपने जीवन में पिता की महत्त्वपूर्ण भूमिका को अधोरेखित करते हुए कृतज्ञता ज्ञापन करने वाला पत्र लिखो।

उत्तर:

१० जनवरी, २०२३

पूज्य पिता जी,

सादर प्रणाम।

आप कैसे हैं? बहुत दिनों से आपका पत्र नहीं मिला, इसलिए पत्र लिख रहा हूँ। मैं यहाँ कुशलपूर्वक हूँ और मेरी पढ़ाई भी अच्छी तरह चल रही है। आशा करता हूँ कि घर पर सभी सदस्य स्वस्थ और प्रसन्न होंगे।

पिताजी, यहाँ का नया कॉलेज बहुत अच्छा है। पढ़ाई का वातावरण उत्तम है तथा खाने-पीने और रहने की सभी सुविधाएँ भी संतोषजनक हैं। इस कॉलेज में आकर मुझे बहुत खुशी हो रही है। वास्तव में, यह पत्र मैं आपके प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त करने के लिए लिख रहा हूँ।

पिताजी, मेरे जीवन में आपका स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण है। बचपन से लेकर आज तक आपने मुझे पढ़ाई के लिए निरंतर प्रेरित किया है। आपके व्यक्तित्व और कृतित्व से प्रेरित होकर ही मैं आज मेडिकल की पढ़ाई कर रहा हूँ। सचमुच, यदि आप न होते तो मेरे भविष्य में अंधकार ही होता। इसलिए आपका मैं जितना भी धन्यवाद करूँ, वह कम ही होगा।

जैसे ही छुट्टियाँ शुरू होगी, वैसे ही तुरंत मैं घर पर आऊँगा।

माता जी को सादर प्रणाम।

 

आपका आज्ञाकारी पुत्र,

मानव

 

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संभाषणीय

'भारत की संपर्क भाषा हिंदी है', इस कथन पर विचार करते हुए अपना मत प्रस्तुत करो।

उत्तर:

भारत की संपर्क भाषा हिंदी है’

भारत एक विशाल और बहुभाषी देश है। यहाँ अनेक भाषाएँ और बोलियाँ बोली जाती हैं, जैसे तमिल, तेलुगु, मराठी, बंगाली, गुजराती, पंजाबी आदि। इतनी भाषाई विविधता के बावजूद देश को आपस में जोड़ने के लिए एक संपर्क भाषा की आवश्यकता होती है। मेरे विचार से हिंदी इस भूमिका को अच्छी तरह निभाती है।

हिंदी देश के अधिकांश भागों में समझी और बोली जाती है। यह सरल, सहज और भावपूर्ण भाषा है, जिससे आम लोगों के बीच संवाद आसानी से हो जाता है। रेल, डाक, बैंक, प्रशासन और सरकारी कार्यालयों में हिंदी का व्यापक रूप से प्रयोग किया जाता है, जिससे विभिन्न राज्यों के लोग आपस में जुड़ पाते हैं।

हिंदी साहित्य, सिनेमा, रेडियो और दूरदर्शन के माध्यम से पूरे देश में लोकप्रिय है। यह भाषा हमें राष्ट्रीय एकता की भावना से जोड़ती है। यद्यपि भारत की सभी भाषाएँ समान रूप से सम्माननीय हैं, फिर भी संपर्क के माध्यम के रूप में हिंदी का विशेष महत्व है।

अतः यह कहना उचित है कि हिंदी भारत की संपर्क भाषा है, जो विविधता में एकता को मजबूत बनाती है।

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पठनीय

किसी अंतरिक्ष यात्री की अंतरिक्ष यात्रा का अनुभव पढ़ो और चर्चा करो।

उत्तर:

सुनीता विल्यम्स बताती हैं अंतरिक्ष की कुछ मजेदार बातें!

• हम एक जगह टिककर तो बैठ ही नहीं सकते थे। यान में एक जगह से दूसरी जगह तैरते हुए पहुँचते।

• पानी भी एक जगह टिका नहीं रहता। वह बुलबुलों की तरह इधर-उधर उड़ता फिरता। हाथ-मुँह धोने के लिए हम तैरते बुलबुलों को पकड़कर कपड़ा गीला करते और हाथ मुँह साफ़ करते।

• वहाँ खाना भी अजब तरीके से खाना पड़ता था। सबसे ज्यादा मजा तब आता था जब हम सभी उड़ते हुए खाने वाले कमरे में जाते और उड़ते पैकेटों को पकड़ते।

• अंतरिक्ष में मुझे कंघी करने की ज़रूरत ही नहीं पड़ती थी। बाल हमेशा ही खड़े रहते थे।

• चल न पाना, हर समय तैरते रहना और हर काम अलग तरीके से करना यह सब करने की आदत डालना आसान नहीं था। एक जगह टिककर काम करना हो तो अपने आप को बेल्ट से बाँधों। कागज को भी ऐसे नहीं छोड़ सकते, उसे भी दीवार के साथ बाँधकर रखो। अंतरिक्ष में रहना बहुत ही मजेदार था लेकिन मुश्किल भी।

 

 

निम्नलिखित जगहों पर जाना हो तो

तुम्हारा संपर्क किस भाषा से होगा लिखो :

 

चंडीगढ़ -पंजाबी

अहमदाबाद - गुजराती

पुरी -ओड़िया

रामेश्वरम - तमिल

श्रीनगर- कश्मीरी

पेरिस – फ्रेंच

टोकियो- जापानी

ब्राजिल - पुर्तगाली

बीजिंग – चिनी


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